College School Holidays 2025: बारिश का मौसम आमतौर पर बच्चों और बड़ों के लिए राहत और खुशी लेकर आता है। लेकिन जब यही बारिश बाढ़ का रूप ले लेती है, तो यह लोगों की ज़िंदगी को मुश्किल बना देती है। इस समय देश के कई राज्यों में यही स्थिति देखने को मिल रही है। बिहार से लेकर महाराष्ट्र तक, नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है और प्रशासन को मजबूर होकर स्कूल और कॉलेज बंद करने का निर्णय लेना पड़ा है।
बिहार में बिगड़ी शिक्षा व्यवस्था
बिहार इन दिनों सबसे अधिक प्रभावित राज्यों में शामिल है। खगड़िया जिले की स्थिति बेहद गंभीर हो गई है। यहां बाढ़ की वजह से 65 स्कूलों को 20 अगस्त तक बंद करना पड़ा है। पहले केवल 32 स्कूल बंद किए गए थे, लेकिन हालात और बिगड़ने पर 33 और स्कूलों को बंद करना पड़ा।
पटना के दियारा इलाके में गंगा के बढ़ते जलस्तर ने हालात को और चुनौतीपूर्ण बना दिया है। यहां 49 स्कूल अगले आदेश तक बंद रहेंगे। वहीं वैशाली के राघोपुर में 80 स्कूल बंद कर दिए गए हैं। भोजपुर जिले में भी बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के सभी सरकारी विद्यालय 5 अगस्त से 9 अगस्त तक बंद रहे। ये आंकड़े साफ दिखाते हैं कि बाढ़ ने शिक्षा व्यवस्था को कितना प्रभावित किया है।
अन्य राज्यों में भी असर
केवल बिहार ही नहीं, बल्कि देश के अन्य हिस्सों में भी बारिश और बाढ़ ने परेशानियां खड़ी कर दी हैं। मुंबई में 19 अगस्त को भारी बारिश के चलते सभी स्कूल, कॉलेज और निजी दफ्तर बंद रहे। मौसम विभाग ने यहां रेड अलर्ट जारी किया था और कई जगहों पर जलभराव से हालात बिगड़ गए। महाराष्ट्र के नांदेड़ और संभाजी नगर जैसे जिलों में भी बाढ़ ने सामान्य जीवन को प्रभावित किया है।
पढ़ाई जारी रखने के प्रयास
बाढ़ प्रभावित इलाकों के स्कूल बंद होने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए प्रशासन ने वैकल्पिक इंतज़ाम किए हैं। कई जगह शिक्षकों और प्रधानाचार्यों को पास के सुरक्षित विद्यालयों में पढ़ाई जारी रखने का निर्देश दिया गया है। इसके साथ ही शैक्षणिक सामग्री और उपकरणों को सुरक्षित रखने की विशेष व्यवस्था की गई है।
सरकार का कहना है कि जैसे ही हालात सामान्य होंगे, स्कूल तुरंत खोल दिए जाएंगे और बच्चों का पाठ्यक्रम पूरा करने के लिए विशेष कक्षाओं का आयोजन किया जाएगा।
सुरक्षा पर विशेष ध्यान
सरकार और प्रशासन दोनों ही बच्चों और शिक्षकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रहे हैं। जिन इलाकों में नाव से स्कूल पहुंचना पड़ता है, वहां शिक्षकों के लिए लाइफ जैकेट पहनना अनिवार्य कर दिया गया है। सुरक्षित नावों की व्यवस्था भी की गई है। इसके अलावा प्रशासन ने एक हेल्पलाइन नंबर 06244-222384 भी जारी किया है ताकि आपात स्थिति में तुरंत मदद मिल सके।
College School Holidays छुट्टियों का दूसरा पहलू
हालांकि यह छुट्टियां आपात स्थिति के कारण मिली हैं, लेकिन अगस्त का महीना पहले से ही कई त्यौहारों से भरा हुआ है। 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस और 16 अगस्त को जन्माष्टमी के कारण बच्चों को लगातार तीन दिन की छुट्टी मिली थी। कई परिवार इस समय को घर में साथ बिताकर या धार्मिक कार्यक्रमों में शामिल होकर सकारात्मक तरीके से गुज़ार रहे हैं।
बच्चों के लिए भी यह समय पढ़ाई पर ध्यान देने और घर में सुरक्षित माहौल में रहने का अवसर है। इस दौरान माता-पिता और शिक्षक दोनों की जिम्मेदारी है कि बच्चे इस तनावपूर्ण स्थिति से दूर रहें और मानसिक रूप से स्वस्थ रहें।
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Disclaimer: यह लेख उपलब्ध समाचार और प्रशासनिक आदेशों के आधार पर लिखा गया है। स्कूल और कॉलेज बंदी की तिथियां एवं व्यवस्थाएं स्थानीय प्रशासन द्वारा परिस्थिति के अनुसार बदल सकती हैं। पाठकों से अनुरोध है कि वे आधिकारिक सूचना पर ही भरोसा करें।









